18 February 2019

वेनेजुएला राजनीतिक संकट: सेना ने राष्ट्रपति मादुरो के खिलाफ बगावत की


By Straightkhabar :11-02-2019 07:12


वेनेजुएला की सेना ने राष्ट्रपति निकोलस मादुरो के खिलाफ बगावत कर दी है। सेना में डॉक्टर कर्नल रुबेन पाज जिमेनेज ने कहा है कि उन्हें सत्ता में बनाए रखने के लिए इस्तेमाल किया जा रहा है। इसलिए वे मादुरो से अपना समर्थन वापस ले रहे हैं। हालांकि उन्होंने विपक्ष के नेता जुआन गुएदो का साथ देने का फैसला किया है। मालूम हो कि एक सप्ताह पहले ही वायु सेना प्रुमख जनरल फ्रांसिस्को यानेज ने भी मादुरो से नाता खत्म कर लिया था। 

वीडियो जारी कर अपील : 
कर्नल ने शनिवार को जारी एक वीडियो में कहा, सशस्त्र बलों में हमारे में से 90 फीसदी लोग वास्तव में नाखुश हैं। हमारा सिर्फ रानीतिक इस्तेमाल किया जा रहा है। उन्होंने अपने साथी सैनिकों से वेनेजुएला को मानवीय सहायता देने में मदद करने का अनुरोध किया। 

वेनेजुएला:30 देशों ने गुइडो को अंतरिम राष्ट्रपति के रूप में मान्यता दी
इस बीच, आर्थिक-सामाजिक संकट से जूझे देश के लिए अमेरिका से सहायता सामग्री लेकर आ रहा जहाज अभी सीमा पर कोलंबिया के कुकुटा तक पहुंचा है। राष्ट्रपति मादुरो ने कहा है कि वे इस जहाज को देश में नहीं घुसने देंगे। उन्होंने कहा, यह अमेरिकी आक्रमण का अग्रदूत है। 

सत्ता में रहने को सेना का समर्थन जरूरी : 
वेनेजुएला में सत्ता में रहने के लिए सेना का समर्थन जरूरी होता है। कुछ समय पहले विपक्ष के नेता जुआन गुएदो ने खुद को अंतरिम राष्ट्रपति घोषित कर दिया था। अमेरिका और कई अन्य देशों ने गुआइदो का समर्थन किया। इससे पहले पिछले साल निकोलस मुदरो राष्ट्रपति निर्वाचित हुए थे। हालांकि विपक्षी दलों ने इस चुनाव में धांधली के आरोप लगाए थे। रूस, चीन, मेक्सिको, तुर्की और उरुग्वे ने राष्ट्रपति मुदरो को समर्थन दिया है। 

भारत को तेल आपूर्ति पर असर की आशंका : 
वेनेजुएला से तेल खरीदने के मामले में भारत शीर्ष देशों में से एक है। यदि अमेरिकी प्रतिबंध लागू होता है तो इसका प्रतिकूल असर भारत पर भी पड़ सकता है। भारत ने वेनेजुएला के तेल क्षेत्र में निवेश भी किया है। पिछले साल मार्च में निकोलस मादुरो अंतरराष्ट्रीय सोल अलायंस समिट में हिस्सा लेने भारत आए थे। भारत ने वेनेजुएला के साथ हाइड्रोकार्बन क्षेत्र में सहयोग के लिए द्विपक्षीय समझौता भी किया है। 

अमेरिका तेल निर्यात रोक सकता है 
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के जुआन गुएदो को समर्थन देने के बाद वेनेजुएला ने अमेरिका से सभी राजनयिक संबंध खत्म कर दिए हैं। मादुरो ने अमेरिकी राजनयिकों और दूतावास के कर्मचारियों को देश से 72 घंटों के भीतर निकल जाने को कहा था। इसके बाद अमेरिका ने वेनेजुएला के तेल निर्यात पर प्रतिबंध लगाने के भी संकेत दिए हैं। अमेरिका ने कहा कि अब उसे (अमेरिका को) प्रतिबंध लगाने का अधिकार मिल गया है। 

महामहंगाई का दौर 
50 लाख बोलिवर में मिल रहा है एक किलो टमाटर 
46 रुपये के बराबर है वेनेजुएला की मुद्रा बोलिवर की कीमत 
25 लाख बोलिवर कीमत है एक कप कॉफी की 
10 लाख फीसदी उछल सकती है महंगाई दर आईएमएफ के अनुसार 
1.5 करोड़ बोलिवर कीमत हो गई है ढाई किलो चिकन की 
-देश को कंगाली से बचाने के लिए सरकार ने नई मुद्रा (वर्चुअल करेंसी) पेट्रो की घोषणा की। 
 

Source:Agency